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बुधवार, 22 नवंबर, 2006 को 13:38 GMT तक के समाचार

दुर्गेश उपाध्याय
बीबीसी संवाददाता, मुंबई

पर्दे पर असफल हैं रियल लाइफ़ जोड़ियाँ

हाल ही में प्रदर्शित फ़िल्म उमराव जान में अभिषेक बच्चन और ऐश्वर्य राय की मशहूर जोड़ी को एक बार फिर दर्शकों ने नकार दिया.

'ढाई अक्षर प्रेम के' और 'कुछ ना कहो' के बाद इस जोड़ी की ये तीसरी फ़्लॉप फ़िल्म है.

उमराव जान अकेली ऐसा उदाहरण नहीं है जिसमें रियल लाइफ़ जोड़ी लोगों को पसंद नहीं आई, बल्कि शाहिद कपूर-करीना कपूर, विवेक ओबरॉय-ऐश्वर्या, डीनो मोरिया-बिपाशा बासु और जॉन अब्राहम-बिपाशा की जोड़ी भी कोई ख़ास कमाल नहीं दिखा पाई है.

अगर हम बॉलीवुड के पिछले इतिहास पर नज़र डालें तो राज कपूर-नर्गिस,गुरु दत्त और वहीदा रहमान, धर्मेन्द्र-हेमामालिनी, अमिताभ बच्चन और रेखा, ऋषि कपूर और नीतू सिंह की जोड़ी ने सिल्वरस्क्रीन पर खासा कमाल दिखाया और इनकी फिल्में चलीं भी खूब.

लेकिन हाल की जोड़ियों की ऑफ़ स्क्रीन कैमिस्ट्री चाहे कितनी ही शानदार क्यों न हों लेकिन पर्दे पर कामयाब नहीं हो पा रही है.

शाहिद कपूर की जोड़ी करीना कपूर की बजाय अमृता राव के साथ जम रही है.

कुछ समय तक ख़ास चर्चा में रहे विवेक ओबरॉय और ऐश्वर्य राय की फिल्म 'क्यूं हो गया ना' की बॉक्स ऑफ़िस पर क्या दशा हुई हम सबको पता ही है.

साथ ही अगर हम आज की हॉट जोड़ी जॉन अब्राहम और बिपाशा की बात करें तो उनकी एक फिल्म 'जिस्म' को छोड़ दें तो उसके बाद आई 'ऐतबार' और मदहोशी ने कोई खास कमाल नहीं दिखाया.

अब बात करते हैं एक और मशहूर जोड़ी अजय देवगन और काजोल की.

दोनों बेहतरीन कलाकार हैं,कई फिल्मों में एक साथ काम भी किया है लेकिन 'इश्क' और 'प्यार तो होना ही था' को छोड़कर इन दोनों की कोई भी फिल्म पर्दे पर कोई कमाल नहीं दिखा पाई.

सफल ना हो पाने की वजह

अगर हम इसकी वजह तलाश करें तो शायद ऐसा होने के पीछे सबसे बड़ी वजह ये है कि इन स्टार्स की ऑफ़स्क्रीन लाइफ़ के बारे में इतना लिखा और पढ़ा जाता है कि लोगों की उम्मीदें काफी बढ़ जाती हैं.

लेकिन जब वे किसी फ़िल्म में साथ काम करते हैं तो शायद दर्शकों की उम्मीदें पूरी नहीं कर पाते.
इसके साथ ही एक चीज और जो महत्वपूर्ण है और वो है उनका पर्दे पर पेश करने का तरीका.

कई लोगों का ये भी मानना है कि इन जोड़ियों के हिट ना पाने की वजह फिल्म की कमजोर स्टोरीलाइन है.

ट्रेड एनॉलिस्ट तरन आदर्श भी कहते हैं, "मेरी समझ से इन जोड़ियों की परफॉर्मेंस हिट ना होने की सबसे बड़ी वजह स्टोरीलाइन का कमजोर होना है".

"जिन लोगों की बात आप कर रहे हैं,वे इसलिए हिट नहीं हो पाए क्यों कि दुर्भाग्य से उन्हें जो भी फिल्में मिलीं उनकी स्टोरी में कुछ खास दम नहीं था. अगर अच्छी स्टोरी हो तो ये जोड़ियाँ ऑनस्क्रीन भी काफ़ी हिट हो सकती हैं".

ग़ौरतलब है कि अगर बॉलीवुड के निर्देशक इस बात का ख्याल रखें और इन ऑफ़स्क्रीन जोड़ियों के लिए उम्दा स्टोरीज़ का चयन करें तो भविष्य में रुपहले पर्दे पर भी ये जोड़ियाँ हमें अपना कमाल दिखा पाएँगी.