शुक्रवार, 19 सितंबर, 2008 को 09:39 GMT तक के समाचार
भारत के प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री के इस आश्वासन के बाद कि विश्व बाज़ार की उथलपुथल का असर भारतीय बाज़ार पर नहीं होने वाला है, भारतीय शेयर बाज़ार में विश्वास लौटा हुआ दिखता है.
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पूंजी बाज़ार में चल रही उठापटक को एक तरह से अनदेखा करते हुए भारतीय शेयर बाज़ार ने अच्छा व्यावसाय किया.
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) के 30 संवेदी शेयरों के सूचकांक सेंसेक्स में शुक्रवार को 726.26 अंकों का उछाल दर्ज़ किया गया.
इससे गुरुवार के मुक़ाबले 5.46 प्रतिशत ऊपर जाकर सेंसेक्स 14042.32 पर बंद हुआ.
एक समय था जब यह आंकड़ा 14097.44 तक जा पहुँचा था लेकिन बाद में कुछ नीचे आ गया.
जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के 50 संवेदी सूचकांक निफ़्टी का आंकड़ा 207.10 अंक ऊपर जाकर 4245.25 पर बंद हुआ.
वैसे गुरुवार को शेयर बाज़ार 700 अंकों की गिरावट के साथ खुला था लेकिन दोपहर में वित्तमंत्री पी चिदंबरम के बयान के बाद बाज़ार में सुधार आना शुरु हो चुका था.
समाचार एजेंसियों के अनुसार विश्लेषकों का कहना है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के आश्वासन से निवेशकों में विश्वास लौटा कि विश्व अर्थव्यवस्था की मंदी का असर भारतीय अर्थव्यवस्था पर नहीं पड़ने जा रहा है.
इसके बाद बाज़ार में बिकवाली का क्रम रुका और निवेशकों ने ख़रीदी की.
बीएसई बुधवार को लगभग 255 अंकों की गिरावट के साथ बंद हुआ था. जबकि गुरुवार को इसमें सुधार हुआ था और बीएसई 52.7 अंकों के साथ बंद हुआ था.