शनिवार, 19 अप्रैल, 2008 को 10:08 GMT तक के समाचार
तेल उत्पादक देश नाइजीरिया में पाइपलाइनों पर हमले किए जाने के दावों के बीच कच्चे तेल की क़ीमतो ने 117 डॉलर प्रति बैरल का रिकॉर्ड छू लिया है.
तेल की आपूर्ति को लेकर बाज़ार में चिंता है क्योंकि नाइजीरियाई विद्रोहियों ने रॉयल डच शेल नाम की कंपनी के एक महत्वपूर्ण पाइपलाइन को क्षतिग्रस्त कर देने का दावा किया है.
विद्रोहियों ने तेल के पाइपलाइनों पर इस तरह के और हमले करने की धमकी दी है.
जिस पाइपलाइन को नुक़सान पहुँचाने का दावा किया गया है वह तेल को बोन्नी निर्यात टर्मिनल तक पहुँचाने का जरिया था. इसकी क्षमता सत्तर लाख़ बैरल कच्चा तेल जमा रखने की है.
हालाँकि शेल कंपनी के प्रवक्ता ने इस हमले की तत्काल पुष्टि से इनकार कर दिया है क्योंकि इलाक़ा सुदूर है.
बाज़ार की चिंता
न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज के वायदा क़ारोबार में मई माह के लिए कच्चे तेल की क़ीमत लगभग 117 डॉलर प्रति बैरल रही.
दूसरी ओर लंदन में जून के लिए 114 डॉलर प्रति बैरल की बोली लगाई लई. 115 डॉलर प्रति बैरल का स्तर छूने के बाद क़ीमतों में थोड़ी गिरावट दर्ज की गई थी.
लेकिन ऐसा ज़्यादा दिन नहीं रह सका.
जब कच्चे तेल की क़ीमतें 115 डॉलर प्रति बैरल तक पहुँची थीं तो इसके लिए कमज़ोर पड़ते डॉलर को ज़िम्मेदार माना जा गया था.
आने वाले कुछ दिनों में अमरीका में गर्मियों के मौसम में लोग अपनी गाड़ियाँ लेकर घूमने निकल जाते हैं.
इस वजह से अमरीका में ग़ैसोलीन की ख़पत में वृद्धि होने की उम्मीद है.
हाल में आई ख़बरों में कहा गया था कि नाइजीरिया में तेल और गैस के उत्पादन में वर्ष 2015 तक 30 प्रतिशत तक की कमी आ सकती है.