गुरुवार, 08 नवंबर, 2007 को 11:28 GMT तक के समाचार
भारत में महंगाई की दर 2.97 तक जा पहुँची है. यह पिछले साल सालों में सबसे कम है.
महंगाई की यह दर 27 अक्तूबर को ख़त्म हुए सप्ताह के लिए थी.
विशेषज्ञों का कहना है कि कुछ खाद्य सामग्रियों और खनिज जैसे कच्चे माल की क़ीमतों में आई कमी के कारण महंगाई की दर घटी है.
अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल का मूल्य 98 डॉलर तक पहुँचने के बाद माना जा रहा था कि इसका असर भारतीय बाज़ार पर भी पड़ेगा.
वैसे भारतीय रिज़र्व बैंक ने कहा है कि कच्चे तेल की बढ़ती क़ीमतों का असर स्थानीय बाज़ार पर पड़ना अपरिहार्य है.
इसके पहले हफ़्ते में महंगाई की दर 3.02 प्रतिशत थी जबकि पिछले साल इसी समय थोक सामग्रियों का मूल्य आधारित सूचकांक 5.35 प्रतिशत पर था.
उल्लेखनीय है कि रिज़र्व बैंक ने इस वित्तीय वर्ष के लिए पाँच प्रतिशत महंगाई दर का लक्ष्य रखा है.
समाचार एजेंसियों के अनुसार विशेषज्ञों ने कहा है कि फलों, सब्ज़ियों, मूंग और उड़द जैसी दालों, तेल, आटा, मैदा और ज्वार की क़ीमतों में कमी के कारण महंगाई दर में कमी आई है.
हालांकि इस बीच गेहूँ, बाजरा, दूध, चने और अंडे-मछली के दामों में बढ़ोत्तरी भी हुई है.