मंगलवार, 03 जुलाई, 2007 को 21:21 GMT तक के समाचार
एक मैक्सिकन वेबसाइट का दावा है कि मैक्सिको के एक व्यवसायी कार्लोस स्लिम हेलू अब दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति हैं.
आर्थिक मामलों से जुड़े इस वेबसाइट 'सेंटिडो कॉमन' का कहना है कि स्लिम की टेलीकम्युनिकेशन कंपनी के शेयरों की क़ीमतें बढ़ने के बाद उन्होंने अमरीका के बिल गेट्स को पीछे छोड़ दिया है.
इस वेबसाइट का कहना है कि 'अमरीका मोविल' कंपनी के शेयरों की क़ीमतों में पिछले तीन महीने में 25 प्रतिशत से भी ज़्यादा बढ़ोत्तरी हुई है.
'अमरीका मोविल' एक मोबाइल फ़ोन कंपनी है जो लेटिन अमरीका और संयुक्त राष्ट्र अमरीका में व्यवसाय करती है.
इस कंपनी में कार्लोस स्लिम की बड़ी शेयरहोल्डिंग है.
सेंटिडो का कहना है कि अब कार्लोस स्लिम की कुल पूंजी 68 अरब डॉलर की है.
उल्लेखनीय है कि अमरीकी पत्रिका फ़ोर्ब्स ने इस साल अप्रैल में ही कहा था कि शेयर की बढ़ती क़ीमतों के कारण स्लिम दूसरे नंबर के सबसे अमीर व्यक्ति बन गए हैं.
इस तरह उन्होंने पूंजीनिवेशक वारेन बफ़े को पीछे छोड़ दिया था.
उस समय फ़ोर्ब्स ने कहा था कि स्लिम कंप्यूटर कंपनी माइक्रोसॉफ़्ट के संस्थापक बिल गेट्स से बस ज़रा ही पीछे हैं.
और अब यदि मैक्सिकन वेबसाइट की मानें तो स्लिम ने गेट्स को पीछे छोड़ दिया है.
बिल गेट्स पिछसे 13 सालों से दुनिया के सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची में शीर्ष पर हैं.
ग़रीबों के बीच
स्लिम का ऊपर आना मेक्सिको की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था और शेयर की क़ीमतों में आती उछाल का नतीजा दिखता है.
हालांकि उनकी संपत्ति को लेकर थोड़ा विवाद होता रहा है क्योंकि अर्थव्यवस्था में आई तेज़ी के बावजूद वहाँ ग़रीबी कम नहीं हो रही है.
यह बात रेखांकित करने वाली है कि दुनिया का सबसे अमीर व्यक्ति संपन्न विकसित देश का नागरिक नहीं है.
हालांकि ज़्यादातर अमीर लोग विकसित देशों से ही हैं लेकिन इसमें लगातार दूसरे देशों के नागरिकों के नाम शामिल होते जा रहे हैं.
उदाहरण के तौर पर फ़ोर्ब्स के शीर्ष 50 अमीरों की सूची में चार भारतीय हैं और आठ रूसी.