शनिवार, 02 दिसंबर, 2006 को 17:41 GMT तक के समाचार
एक महत्वपूर्ण सर्वेक्षण में कहा गया है कि अमरीका का निर्माण उद्योग बहुत तेज़ी से कमज़ोर होता जा रहा है.
अपनी चमक खोती अमरीकी अर्थव्यवस्था का ये ताज़ा उदाहरण है.
इंस्टीट्यूट फ़ॉर सप्लाई मैनेजमेंट (आईएसएम) के एक सर्वेक्षण में कहा गया है कि राष्ट्रीय स्तर पर कारखानों की कार्य-क्षमता पिछले महीने काफ़ी कम हो गई जो बीते तीन वर्षों में सबसे कम है.
इसका असर अमरीकी डॉलर पर भी पड़ेगा और उसकी विनमय दर अन्य मुद्राओं के मुक़ाबले कमजोर होगी.
विश्लेषकों का मानना है जहाँ पूरे यूरोप में ऋण दर बढ़ रही है वहीं अगले साल अमरीका में दर घटने की संभावना है.
अनेक चेतावनियों के बावजूद अमरीका ने अपनी ऋण दरें पिछले तीन महीने से रोक रखी थीं.
विश्लेषकों का कहना है कि आईएसएम के आँकड़े महत्वपूर्ण हैं. लेकिन फ़ेडरल बैंक कोई क़दम उठाने से पहले कुछ और देर इंतज़ार करेगा.
जेपी मॉर्गन चेज़ बैंक के मुख्य अर्थशास्त्री एंथोनी चान का कहना था,'' अगर ऐसे ही चलता रहा तो ज़ल्द ही नई मुद्रा नीति की घोषणा हो सकती है.''
एक अन्य विश्लेषक का कहना था कि अगर आर्थिक रुझान ऐसे ही रहे तो अमरीकी डॉलर की कीमत यूरोपीय मुद्राओं के मुक़ाबले कमज़ोर होती जाएगी.
विदेशी मुद्राओं का व्यापार करने वाले थेरी एलियस का मानना है कि यूरोपीय मुद्राओं के मुक़ाबले अब अमरीकी डॉलर खरीदने का कोई कारण समझ नहीं आता.