गुरुवार, 29 जून, 2006 को 12:14 GMT तक के समाचार
राजीव खन्ना
बीबीसी संवाददाता, अहमदाबाद
भारत के शीर्ष प्रबंधन संस्थानों में शुमार पा रहे आईआईएम अहमदाबाद के छात्र अब खेलों की दुनिया से सबक लेंगे और उनके शिक्षक होंगे क्रिकेट कमंट्रेटर हर्षा भोगले.
इस सबक के तहत छात्रों को खेलों की दुनिया में 'रणनीति और नेतृत्व क्षमता' से जुड़े पहलुओं की जानकारी दी जाएगी.
इसके लिए उन्होंने विशेष तौर पर कई तरह के खेलों से जुड़ी घटनाओं का अध्ययन किया है. इन्हें खेल और कुशल प्रबंधन के बीच के संबंधों को आधार बना कर तैयार किए गए पाठ्यक्रम में शामिल किया गया है.
आईआईएम अहमदाबाद के निदेशक बाकुल ढोलकिया ने बीबीसी को बताया कि नए पाठ्यक्रम की पढ़ाई जल्दी ही शुरू कर दी जाएगी.
उन्होंने कहा कि हर्षा भोगले कई कंपनियों के कर्मचारियों को यह पाठ्यक्रम पढ़ा चुके हैं और इसके सकारात्मक नतीजे सामने आए हैं.
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरभ गांगुली और कोच ग्रेग चैपल के बीच चला विवाद भी क्या पाठ्यक्रम का हिस्सा होगा, यह पूछे जाने पर ढोलकिया कहते हैं, "मुझे नहीं मालूम मोड्यूल में इसे शामिल किया गया है या नहीं लेकिन इसमें कोई शक नहीं कि गांगुली मैदान पर बेहतरीन नेतृत्वकर्ता साबित हुए हैं."
ढोलकिया के मुताबिक आगे रह कर प्रभावी तरीके से टीम को दिशा निर्देशन करने के मामले में जो भी उदाहरण सामने हैं उनके बारे में पढ़ाया जा सकता है.
खेल और प्रबंधन
ढोलकिया ने कहा कि आज के दौर में खेलों की दुनिया और प्रबंधन के बीच कई समानताएँ हैं.
उन्होंने कहा, "दोनों बेहद प्रतिस्पर्द्धी प्रकृति के हैं. दोनों क्षेत्रों में एक टीम लीडर होता है जो रणनीति तैयार करता है और उस पर टीम के अन्य सदस्यों से अमल करने की उम्मीद की जाती है."
ढोलकिया उदाहरण देकर बताते हैं कि कैसे टीमों के कप्तान और कोच आक्रामक रणनीति बना कर अंतरराष्ट्रीय पदक तालिका में उपर चढ़ना चाहते हैं और यही रणनीति कंपनियों की भी होती है.
संस्थान के नए छात्रों के अलावा विभिन्न कंपनियों के अधिकारियों को भी इस पाठ्यक्रम से रूबरू कराया जाएगा.