मंगलवार, 13 दिसंबर, 2005 को 10:47 GMT तक के समाचार
मुंबई शेयर बाज़ार नित नई ऊंचाई को छूता जा रहा है. मंगलवार को 30 शेयरों पर आधारित सेंसेक्स 130 अंक ऊंचा उठा और 9274 स्तर तक जा पहुँचा.
लेकिन बाज़ार बंद होने तक यह 9263 के स्तर पर जाकर थमा.
इस दौरान विदेशी और घरेलू निवेशकों ने बैंकिंग और ऑटो क्षेत्र पर विशेष ध्यान दिया.
स्टेट बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज़, रिलायंस कैपिटल, हीरो होंडा, मारुति, महेंद्रा ऐंड महेंद्रा, टाटा मोटर्स, मारुति, एचडीएफसी, सत्यम कंप्यूटर्स और आईसीसीआई के शेयरों में खासी तेज़ी देखी गई.
आर्थिक विश्लेषक आलोक पुराणिक के अनुसार भारतीय शेयर बाज़ार के इस रफ़्तार से नई ऊँचाइयों की ओर बढ़ते जाने के तीन प्रमुख कारण हैं- भारतीय म्युचुअल फंड में छोटे निवेशकों की बढ़ी आस्था, विदेशी संस्थागत निवेशकों का भारतीय अर्थव्यवस्था पर विश्वास और आम निवेशकों की अच्छे शेयर हासिल करने की ललक.
पुराणिक का मानना है कि शेयर बाज़ार अब राजनीति की चिंता कम करता नज़र आ रहा है.
वो कहते हैं कि चार साल पहले 13 दिसंबर को ही संसद पर हमला हुआ था लेकिन इसका शेयर बाज़ार कोई असर नहीं हुआ और इसने नई ऊँचाई हासिल कर ली.
इसके पहले तक शेयर बाज़ार ऐसे मौक़ों पर गिर जाता रहा है.
विशेषज्ञों का कहना है कि इस साल विदेशी निवेशक भारतीय शेयरों में आठ अरब डॉलर का निवेश कर चुके हैं.