बिपरजोय: गुजरात में तट से टकराया तूफ़ान, हवा की रफ़्तार 150 के पार

इमेज स्रोत, ANI
अरब सागर में उठा चक्रवाती तूफ़ान बिपरजोय गुरुवार शाम लगभग साढ़े छह बजे गुजरात के तटवर्ती इलाक़ों से टकराना शुरू हो गया है.
भारतीय मौसम विभाग के महानिदेशक डॉ मृत्युंजय महापात्रा ने बताया है कि 'सौराष्ट्र और कच्छ के तटवर्ती इलाक़ों में बिपरजोय तूफ़ान का लैंडफॉल शुरू हो गया है. और यह प्रक्रिया मध्य रात्रि तक जारी रहेगी.'
इस तूफ़ान की वजह से गुजरात के तमाम तटवर्ती इलाकों में हालात तेजी से बदल रहे हैं.
द्वारका, जामनगर, मोर्बी, और राजकोट समेत कई ज़िलों में तेज बारिश और तेज हवाएं चल रही हैं.
गुजरात के गृह मंत्री हर्ष सांघवी ने बताया है कि कई गाँवों से बिजली के खंबे गिरने की ख़बरें आई हैं.
गुजरात के साथ-साथ मुंबई में भी हालात गंभीर हो रहे हैं. तटवर्ती इलाक़ों जैसे चौपाटी आदि पर लोगों को जाने से रोक दिया गया है.
ये भी पढ़ें -

एनडीआरएफ़ की दर्जनों टीमें तैनात
इस भीषण चक्रवाती तूफ़ान का सामना करने के लिए एनडीआरएफ़ की तमाम टीमों को राहत और बचाव अभियान में लगाया गया है.
कई टीमें भारत के तटवर्ती इलाकों में तैनात हैं. और कई टीमों को देश के तमाम दूसरे हिस्सों में अलर्ट पर रहने को कहा गया है.
एनडीआरएफ़ के महानिदेशक अतुल करवल ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया है कि तटवर्ती इलाक़ों में राहत और बचाव अभियान चलाए जा रहे हैं.
करवल ने कहा, "अब तक चार हज़ार से ज़्यादा होर्डिंग्स को उतार लिया गया है, मछली पकड़ने वाली नावों को बांध दिया गया है, और बड़े जहाज़ों को तट से काफ़ी दूर भेज दिया गया है."
एनडीआरएफ़ डीजी ने ये भी बताया है कि अब तक कुल एक लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है.
राहत और बचाव अभियान को चलाने के लिए 15 से ज़्यादा टीमों को भारत के उत्तर, दक्षिण और पूर्व में अलर्ट पर रखा गया है.
इसके साथ ही गुजरात और महाराष्ट्र में कुल 33 टीमों को तैयार रहने के लिए कहा गया है.
ये भी पढ़ें -

इमेज स्रोत, ANI
कच्छ के मांडवी में तेजी से बिगड़ रहे हैं हालात
गुजरात के मांडवी में हालात तेजी से बदलते दिखाई दे रहे हैं. समुद्र तट से सटे इलाक़ों में तेज और ऊंची लहरें उठती दिख रही हैं.
मौसम विभाग ने आशंका जताई थी कि तूफ़ान के तट से टकराने से ठीक पहले इन इलाक़ों में तेज बारिश और हवाएं चलेंगी.
केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने इन इलाक़ों में रिपोर्टिंग कर रहे मीडियाकर्मियों को सावधानी बरतने के लिए कहा है.
गुजरात के गृह मंत्री हर्ष सांघवी ने कहा है, "आज कई गांवों में बिजली के खंभे गिरे हैं, हम पहले ही नौ हज़ार लोगों को शरणस्थलों में शिफ़्ट कर चुके हैं. चक्रवात से कभी भी लैंडफॉल हो सकता है, इसके मद्देनजर जिला प्रसाशन अलर्ट पर है."
ये भी पढ़ें -

इमेज स्रोत, ANI
मुंबई से टकरा रहीं हैं ऊंची लहरें
महाराष्ट्र के तटवर्ती इलाक़ों में भी इस तूफ़ान का असर दिखना शुरू हो गया है. मुंबई में स्थित गेटवे ऑफ़ इंडिया में तेज लहरें टकराना शुरू हो गयी हैं.
लोगों से कहा गया है कि वे चौपाटी के क़रीब न जाएं. ये वो इलाक़ा है जो समुद्र तट पर ही स्थित है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 1
मौसम विभाग ने क्या बताया?
भारतीय मौसम विभाग ने इस तूफ़ान को ध्यान में रखते हुए देश के कई राज्यों के लिए चेतावनी जारी की है.
इनमें तटवर्ती राज्यों जैसे केरल, गुजरात, और महाराष्ट्र आदि शामिल हैं. इसके साथ ही राजस्थान में भी अलर्ट जारी किया गया है.
मौसम विभाग के महानिदेशक डॉ मृत्युंजय महापात्रा ने समाचार एजेंसी पीटीआई से कहा है, "बिपरजोय तूफ़ान अब उत्तर-पूर्व दिशा में आगे बढ़ रहा है. और शाम तक ये तूफ़ान कच्छ और पाकिस्तान से टकराएगा. इस तूफ़ान का सबसे ज़्यादा असर कच्छ पर पड़ेगा. इस वजह से तेज हवाओं और भारी बारिश होगी."
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
पोस्ट X समाप्त, 2
इसके साथ ही बताया गया है कि कच्छ के खाड़ी से सटे ज़िलों में तूफ़ान का सबसे ज़्यादा प्रभाव देखने को मिलेगा.
डॉ महापात्रा ने बताया है कि 'लैंडफॉल आज शाम 6 बजे के बाद से लेकर आधी रात तक जारी रहेगा. लैंडफॉल मांडवी और कराची के बीच जाखू पोर्ट के आसपास पश्चिम में होगा.'
ये भी पढ़ें -
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)




















